Adani Group को ब्राजील की एयरोस्पेस कंपनी एम्ब्रेयर (Embraer) से भारत में रीजनल जेट विमान बनाने का बड़ा अवसर मिला है, जिसके बाद एविएशन से जुड़ी अडानी कंपनियों के शेयरों पर बाजार की नजरें टिकी हुई हैं। यह साझेदारी देश में पहली बार बड़े पैमाने पर सिविल पैसेंजर जेट असेंबली क्षमता बनाने की दिशा में अहम मानी जा रही है।
अडानी–एम्ब्रेयर समझौता क्या है
Adani डिफेंस एंड एयरोस्पेस ने एम्ब्रेयर के साथ भारत में रीजनल जेट विमानों के लिए फाइनल असेंबली लाइन (Final Assembly Line–FAL) लगाने के लिए एमओयू साइन किया है। यह लाइन एम्ब्रेयर के ई-सीरीज़ और अन्य रीजनल जेट्स के लिए होगी, जिन्हें छोटी और मध्यम दूरी की उड़ानों के लिए इस्तेमाल किया जाता है।
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कहां और किस तरह बनेंगे जेट विमान
रिपोर्ट्स के अनुसार, साझेदारी का फोकस 70 से लगभग 140–146 सीट क्षमता वाले रीजनल जेट्स पर रहेगा, जिन्हें शॉर्ट से मीडियम हॉल रूट्स पर ऑपरेट किया जा सकता है। प्लांट की लोकेशन पर अंतिम फैसला अभी आना बाकी है, लेकिन चर्चा है कि इसे किसी बड़े एविएशन हब या डिफेंस–एयरोस्पेस कॉरिडोर वाले राज्य में लगाया जा सकता है।
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भारत के एविएशन बाजार में बड़ा मौका
भारत में घरेलू हवाई यात्रियों की संख्या 2030 तक लगभग 300 मिलियन के आसपास पहुँचने का अनुमान दिया जा चुका है, जिससे रीजनल जेट्स की मांग तेज़ी से बढ़ सकती है। सरकार भी नए और मौजूदा एयरपोर्ट्स के विस्तार पर लगभग 11 अरब डॉलर तक निवेश की योजना पर काम कर रही है, जिससे एयरक्राफ्ट मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज के लिए अनुकूल माहौल बन रहा है।
Adani Group की एविएशन में पकड़
अडानी एयरपोर्ट होल्डिंग्स अभी मुंबई, अहमदाबाद, लखनऊ, गुवाहाटी समेत सात–आठ बड़े एयरपोर्ट्स का संचालन करती है और कंपनी का लक्ष्य अगले साल तक करीब 120 मिलियन सालाना पैसेंजर ट्रैफिक तक पहुंचने का है। नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट शुरू होने के बाद यह प्लेटफॉर्म लंबे समय में 500 मिलियन सालाना पैसेंजर तक सर्विस देने का अनुमान जता चुका है, जिससे ग्रुप की एविएशन वैल्यू चेन में मौजूदगी और मजबूत होगी।
किन शेयरों पर बाजार की नजर
इस डील से सीधे तौर पर जुड़ा सेगमेंट अडानी डिफेंस एंड एयरोस्पेस है, जो ग्रुप की अनलिस्टेड डिफेंस और एयरोस्पेस इकाइयों के तहत काम कर रहा है, जबकि ऐसे बड़े प्रोजेक्ट्स आम तौर पर Adani Enterprises Limited के स्तर पर कंसॉलिडेट होते हैं। एयरपोर्ट बिजनेस, एयरक्राफ्ट असेंबली और एविएशन इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे प्रोजेक्ट्स के कारण बाजार में Adani Enterprises और अडानी एयरपोर्ट से जुड़ी इकाइयों पर खास नजर बनी हुई है; यह किसी भी तरह की निवेश सलाह नहीं है, निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श जरूरी है।
Disclaimer : शेयर बाजार में निवेश जोखिम के साथ होता है, इसलिए निवेश से पहले विशेषज्ञ से सलाह लें। हम जानकारी की पूर्णता या सटीकता की गारंटी नहीं देते।







